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शुक्रवार, 13 जून 2025

प्रतीक्षा

मछली
पानी में रह सकती है 
पानी की तस्वीर में नहीं 
तुम अपनी 
तस्वीर 
मत भेजो 
चली आओ!

- ज्योति कृष्ण वर्मा 
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विजया सती के सौजन्य से 

बुधवार, 26 जून 2024

प्रतीक्षा

धूप के अक्षर
अँधेरी रात की काली स्लेट पर
आसानी से लिखे जा सकते हैं
कोई ज़रूरी नहीं कि तुम्हारे हाथों में
चँद्रमा की चॉक हो।
इसके लिए मिट्टी ही काफ़ी है
वही मिट्टी
जो तुम्हारे चेहरे पर चिपकी है
तुम्हारे कपड़ों पर धूल की शक्ल में ज़िंदा है
तुम्हारी सुंदर जिल्द वाली किताबों में
धीरे-धीरे भर रही है।
तुम सूरज के पुजारी हो न?
तो सुनो
यह मिट्टी यूँ ही जमने दो परत-दर परत।
देख लेना
किसी दिन कोई सूरज
यहीं से, बिल्कुल यहीं से
उगता हुआ दिखाई देगा
और मुझे तनिक भी आश्चर्य नहीं होगा। 
 
- सिद्धेश्वर सिंह
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हरप्रीत सिंह पुरी के सौजन्य से 

शनिवार, 6 जनवरी 2024

प्रतीक्षा

प्रतीक्षा धूप में चिड़ियों का स्पंदन है,
हरी पत्तियों का नीरव उजला गान है,

प्रतीक्षा
दरवाज़े पर दस्तक के अनसुने रहने पर
छोड़े गए शब्द हैं -

- अशोक वाजपेयी।
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